11/11/2020
बालों को झड़ने से रोकने के घरेलू उपाय (Home Remedies for Hair Fall)
बालों का झड़ना (Hair Fall problem) एक आम समस्या बन गई है। इसका जल्द से जल्द इलाज करना बहुत जरूरी होता है। आजकल लोगों की जीवनशैली और खान-पान इतनी बुरी हो गई है कि इसका सीधा असर बालों पर पड़ता है। ऊपर से प्रदूषण और हेयर प्रोडक्ट के केमिकल के कारण भी बालों पर असर पड़ता है, जो बाद में बालों के झड़ने का कारण बन जाता है। आप लोग बालों से झड़ने से संबंधित समस्या के लिए घरेलू नुस्ख़ों (home remedies for hair fall) को आजमा सकते हैं।
बाल अगर आम कारणों से झड़ रहा है तो घरेलू नुस्ख़े बहुत काम आते हैं। आप बालों को झड़ने से रोकने के उपाय या इलाज करने में जितनी देरी करेंगे, उतनी ही तेजी से बाल झड़ती जाएगी। असल में बालों के गिरने की समस्या को लोग पहले नजरअंदाज करते हैं, इसलिए सही समय पर इसका इलाज नहीं हो पाता है। बाल झड़ने से रोकने के उपायों बाल झड़ने के उपाय (baal jhadne ke upay) को जल्द जल्द से अपनाने की जरूरत होती है। असमय बाल झड़ने से लोग अपनी उम्र से ज्यादा उम्र के नजर आने लगते हैं, इसलिए लोग बहुत ज्यादा स्ट्रेस में भी आ जाते हैं।
इसलिए बाल झड़ने की दवा या घरेलू इलाज करने के पहले बाल झड़ने के कारणों के बारे का पता लगाना जरूरी होता है। जब आपको बालों झड़ने के कारण का पता चल जाएगा तो आप बालों को झड़ने से रोकने (hair fall control) के सही उपाय कर सकेंगे।
बालों का झड़ना क्या है? (What is Hairfall?)
आजकल बालों का झड़ना एक आम समस्या हो गई है। हर दूसरा व्यक्ति इस परेशानी से जूझ रहा है। कई लोगों के बाल समय से पहले इतने झड़ जाते है कि उन्हें हेयर ट्रांसप्लांट करवाकर इलाज (balo ka ilaj) करना पड़ता है। बालों का झड़ना जब थोड़ा-थोड़ा करके बढ़ने लगता है तो गंजेपन की नौबत आ जाती है। सामान्यत 50 से 100 बाल लगभग हर दिन टूटते-झड़ते है यदि इससे ज्यादा बाल झड़ते है तो ये गंजापन का विषय है। गंजेपन की अवस्था आने से पहले बालों का झड़ना रोकने के लिए घरेलू नुस्ख़ों का आजमाने से सही परिणाम मिलता है।
लेकिन क्या आपको पता है कि बालों का झड़ना या गंजापन दो तरह के होते हैं। वैसे तो बाल गिरने की समस्या आम तौर पर 30 साल के बाद से शुरू हो जाती है। पुरुषों में इस समस्या को मेल पैटर्न बॉल्डनेस (male pattern baldness) कहते है।
महिलाओं में (Androgenetic Alopecia) को (female pattern baldness) कहते है इस समस्या से पीड़ित महिलाओं में पूरे सिर के बाल कम हो जाते है पर हेयरलाइन पीछे नहीं हटती। महिलाओं में इसके कारण शायद ही कभी पूरी तरह गंजेपन की समस्या होती है।
बाल झड़ने के कारण (Causes of Hairfall in Hindi)
बाल झड़ने के आम कारण ये हैंः-असंतुलित आहार योजना, गलत जीवनशैली, आनुवांशिकता यानि हेरीडियेटरी, दवाओं के दुष्प्रभाव आदि आदि। चलिये ऐसे और कारणों के बारे में जानते हैं-
लंबी बीमारी या किसी बड़ी शल्य क्रिया या सर्जरी, गंभीर संक्रमण या इंफेक्शन और शारीरिक तनाव से दो या तीन महीने के बाद बालों का झड़ना एक सामान्य प्रक्रिया है।
हार्मोन स्तर में आकस्मिक बदलाव के बाद भी ये हो सकता है, विशेषकर स्त्रियों में शिशु को जन्म देने के बाद यह होता है।
दवाइयों के दुष्प्रभाव के कारण।
किसी बीमारी के लक्षण के रूप में भी बालों का झड़ना हो सकता है जैसे कि थायरॉयड, सेक्स हार्मोन में असंतुलन या गंभीर पोषाहार समस्या विशेषकर प्रोटीन, जिंक, बायोटीन की कमी। यह कमी खान-पान में परहेज करने वाले और महिलाओं में मासिक धर्म में बहुत ज्यादा रक्तस्राव होने पर होता है।
सिर की त्वचा में फफूंद से संक्रमण हो जाता है तो बीच-बीच में बाल झड़ते है।
वंशानुगत गंजापन या वंश में कोई गंजा है तो वह आनुवांशिकता के तौर पर मिल सकता है।
आयुर्वेद के अनुसार बाल झड़ने के और भी बहुत सारे कारण होते हैं। आयुर्वेद के अनुसार वात के साथ मिला पित्त रोमकूपों में जाकर बालों को गिरा देता है तथा इसके अनन्तर रक्त के साथ मिला हुआ कफ रोमकूपों को बन्द कर देता है जिससे उस स्थान में दूसरे बाल पैदा नहीं होते है। इसके साथ बाल गिरने का एक कारण नहीं बल्कि कई कारण है,जैसे- नमक का अधिक सेवन करने से गंजापन आ जाता है। और तनाव, संक्रमण, हार्मोन असंतुलन, अपर्याप्त पोषण, विटामिन और पोषक पदार्थो की कमी, दवाओं के दुष्प्रभाव, लापरवाही बरतना या बालें की सही देखभाल न होना, गलत प्रकार के शैम्पू का प्रयोग भी होता है।
यहां तक कि विरुद्ध आहार-विहार, पित्त वर्धक आहार-विहार, आहार पर हीन, मिथ्या और अतियोग, निद्रा, ब्रह्मचर्य, प्रदूषित जल होता है। बाल झड़ने के कोई भी कारण हो, हर कारण में अगर सही घरेलू नुस्ख़े को आजमाया गया तो नए बालों का विकास (baal jhadne se rokne ke upay) हो सकता है।
इसके अलावा आधुनिक विज्ञान के अनुसार बाल झड़ने के ये भी कारण हो सकते हैं-
फंगल इंफेक्शन
विटामिन ए का ओवरडोस
थॉयरायड
मनोवैज्ञानिक तनाव
रेडियोथेरेपी या केमोथ्रेपी
स्टेरॉयड का नियमित सेवन
लेकिन अगर समय रहते सचेत हो जाये और सही इलाज करने के साथ घरेलू नुस्ख़ो को आजमाया जाये तो बाल का झड़ना कम कर सकते हैं।
बालों को झड़ने से रोकने के उपाय (Baalo ko Jhadne se Rokne ke Upay)
अभी तक हमने बात की कि बाल क्यों झड़ते है लेकिन उनको झड़ने से रोका कैसे जाये (hair fall control), इसके बारे में जानकारी होनी चाहिए। जैसे-जंक फूड का सेवन न करके फल एवं सब्जियों का अधिक सेवन करें। बाल झड़ने की समस्या से बचने के लिए खान-पान के साथ एक अच्छी जीवन शैली को अपनाना भी जरुरी है।
तनाव कम कर, उचित आहार लेकर, बाल संवारने की उचित तकनीक अपनाकर और यदि संभव हो तो बालों को झड़ने से रोकने वाली दवाइयों का उपयोग कर बालों के झड़ने की समस्या को रोका (hair fall control) जा सकता है। दवाइयों की सहायता से वंशानुगत गंजेपन के कुछ मामलों को रोका जा सकता है।
अत्यधिक तनाव के कारण एक प्रदूषित वातावरण में रहने के कारण बाल झड़ते है। रात में जगना, अत्यधिक श्रम करना तथा रासायनिक उत्पादों से युक्त शैम्पू से बालों को धोने के लिए प्रयोग करना ये सब बाल झड़ने में कारक है। इसके लिए प्राणायाम एवं योगासनों को अपनी जीवनशैली में शामिल करें। योगासन एवं प्राणायाम करने से तनाव का स्तर कम होता है तथा बाल झड़ने कम हो जाते है। खाने में मौसमी फल का अधिक से अधिक प्रयोग करना, हरी पत्तेदार सब्जियाँ, अंकुरित धान्य तथा सूखे मेंवों का सेवन करें। संतुलित आहार लेने से पोषक तत्वों की कमी नहीं आती जो कि बाल झड़ने के मुख्य कारणों में आता है।
स्त्रियों में गर्भावस्था के दौरान अथवा मेनोपॉज के बाद बाल झड़ने की समस्या देखी जाती है इसके लिए भी संतुलित आहार एवं तनावरहित जीवन शैली बाल झड़ने के उपाय (baal jhadne ke upay) की आवश्यकता है। जीवनशैली में बदलाव लाने पर बालों का झड़ना कुछ हद तक रोका जा सकता है।