03/05/2019
आने वाले रमज़ान में diabetes के मरीजों के लिए कुछ ख़ास ध्यान देने योग्य बातें:-
1)सबसे पहले अपने डॉक्टर से सलाह लें कि उनके लिए रोज़े रखना सुरक्षित है कि नहीं।यदि डॉक्टर रोज़े न रखने की सलाह दे तो उसपर अमल करें।
2)यदि आप रोज़े रख रहे हैं तो कम से कम 3-4 बार अपनी blood sugar को glucometer से चेक करें, क्योंकि बदला हुआ खानपान एवं दिनचर्या की वजह से sugar में उतार चढ़ाव मुमकिन है।यदि sugar 70mg/dl से कम या 300 mg/dl से ज्यादा हो तो रोज़ा खत्म कर दे।
3)हाइपोग्लाइसीमिया के सामान्य लक्षणों को पहचानें जैसे शरीर कँपना, ह्रदय गति बढ़ जाना,पसीना आना, घबराहट, आँखों के सामने अँधेरा छाना,आलस, उबासी इत्यादि ।इन लक्षणों के आते ही अपना रोज़ा बाधित कर दे तथा फौरन कुछ खा लें।
4)अत्यधिक बढ़ी हुई sugar भी खतरनाक हो सकती है जिसमे रोज़ेदार hyperglycemic coma में भी जा सकता है।hyperglycemia के लक्षण जैसे मुँह सूखना, ज्यादा भूख प्यास लगना, थकान लगना, जी घबराना,सिर दर्द, मतली इत्यादि।
5)इफ्तार एवं सहरी के वक़्त whole grain floor(चोकर युक्त आटे) से बनी रोटी का इस्तेमाल करें।इसमें फाइबर की मात्रा ज्यादा होने से प्यास भी कम लगती है तथा शुगर भी कंट्रोल में रहती हैं।
6)खाने में प्रोटीन(बीन्स, दाल इत्यादि)तथा high fiber(रेशेदार फल/सब्ज़ी) का सेवन ज्यादा करें इससे भूख/प्यास कम लगेगी और ऊर्जा ज्यादा मिलेगी।
7)फ़ल/सब्ज़ी का सेवन ज्यादा करें तथा ज्यादा चीनी वाली चीजों के सेवन से बचें यथा कोल्ड ड्रिंक्स, शरबत, caffeinated ड्रिंक्स इनमे शुगर ज्यादा होने से dehydration ज्यादा होता है।
8)लस्सी, छाछ, निम्बू पानी का भरपूर सेवन करें
9)ख़ाली पेट अपनी diabetes की दवा कदापि न लें।
रोज़ा रहे या नहीं यह आपका अपना निर्णय है किंतु अपने डॉक्टर से सलाह अवश्य ले लें।