Natural Cure Ayurveda

Natural Cure Ayurveda Contact information, map and directions, contact form, opening hours, services, ratings, photos, videos and announcements from Natural Cure Ayurveda, Medical and health, New bazaar road near telephone exchange, Muzaffarnagar.

हमारा दवाख़ाना 150 साल पुराना है, जिसकी विरासत 4 पुश्तों से चली आ रही है। आज हम उसी भरोसे और ईमानदारी के साथ अपना काम जारी रखे हुए हैं। नाम है —हकीम वज़ीर भरोसा है – हमारी पहचान! संपर्क करें 6396685900

Link💪 की लंबाई चाहिए ऐसी की सामने वाली दंग रह जाये तिiलाअ जाiदू असर जदीद (मज़बूत हrर्बल तेल)नक्कालों से सावधान  सिर्फ cu...
11/04/2026

Link💪 की लंबाई चाहिए ऐसी की सामने वाली दंग रह जाये
तिiलाअ जाiदू असर जदीद (मज़बूत हrर्बल तेल)
नक्कालों से सावधान सिर्फ cure Ayurveda का
Jatoon का असiली Oil से ही तैयार किया गया है आप भी उसी का ईस्तेमाल करे
एक दिन की मेहiनत के बाद यह खास हर्बल तिiलाअ तैयार किया गया है, जिसे कiई हiकीम अपने मतब (क्लिiनिक) में इस्तेमाल कर चुके हैं।
यह नुस्खा मrर्दाना कमiजोरी और नसों की ढीलापन जैसी समस्याओं में इस्तेमाल किया जाता है।


🌿 सामग्री (Ingredients)

1. रोगन जैतून (Extra Virgin Olive Oil) – 10 तोला

2. देसी मुर्गी के अंडे की जर्दी – 2

3. लौंग – 1 तोला

4. रोगन दालचीनी – 1 तोला

5. मगज जमालगोटा – 20 दाने

6. भिलावा – 4 दाने

7. रोगन मालकंगनी – 20 ग्राम

8. रोगन बहेर बहूटी – 20 ग्राम

9. बहेर बहूटी – 20 ग्राम

10. मालकंगनी साबुत – 20 ग्राम

11. मगज जायफल – 1 तोला

🌿 संभावित फायदे

यह तिलाअ परंपरागत यूनाuनी/हर्बल तरीके से इन समस्याओं में उपयोग किया जाता है:

हस्tतमैथुन से आई कमजोरी

पुरुष अंग की कमजोरी

नसों का ढीलापन

अंnग का पतलापन

टेढ़ापन

नामर्दी

कठोरता की कमी

🌿 बनाने की विधि

1. सबसे पहले एक कढ़ाही में रोगन जैतून को धीमी आंच पर गर्म करें।

2. इसके बाद बारी-बारी से ये चीजें डालें:

अंडे की जर्दी

लौंग

रोगन दालचीनी

मगज जमालगोटा

मालकंगनी

3. अंत में भिलावा डाल दें।

4. अब बर्तन का ढक्कन हटा दें और आंच धीमी रखें।

5. जब धुआँ निकलना बंद हो जाए तो बर्तन को उतार लें।

6. इसके बाद इसमें रोगन बहेर बहूटी और जाफरान मिलाकर अच्छी तरह मिक्स करें।

7. ठंडा होने के बाद इसे कांच की बोतल में भरकर रख लें।

🌿 इस्तेमाल का तरीका

यह पूरा कोर्स लगभग 21 दिन का बताया जाता है।

पहले 7 दिन उपयोग करें

फिर 5 दिन का आराम दें

फिर 7 दिन दोबारा उपयोग करें

अंत में 2 दिन का विराम रखें

⚠️ जरूरी सावधानियां

अंnग के ऊपरी हिस्से (हशiफा) पर न लगाएं।

अंnग के निचले हिस्से पर भी लगाने से बचें।

लगाने के बाद लगभग 1 घंटे तक वुvजू न करें।

इलाज के दौरान संmभोग से परहेज रखें।

जिन्हें दवाvओं की जानकारी नहीं है, वे खुद बनाने की बजाय किसी हकीiम या वैiद्य से बनवाएं।

WhatsApp 063966 063966 063966 063966 063966 063966 063966 85900

🔴 क्या आपको ये समस्याएँ हैं?लीजिए अपकी खिदमत में फिर हाजिर हुआ हूँ क्या आपकी टाइमिंग कम हो गई है?क्या पत्नी के पास जाते ...
10/04/2026

🔴 क्या आपको ये समस्याएँ हैं?
लीजिए अपकी खिदमत में फिर हाजिर हुआ हूँ
क्या आपकी टाइमिंग कम हो गई है?
क्या पत्नी के पास जाते ही जल्दी वीrर्यपात हो जाता है?
क्या लिंnग में टेiढ़ापन या छोoटापन महसूस होता है?



🔴 किन बीमारियों के लिए बताया गया है?

यह नुस्खा इन समस्याओं के लिए बताया गया है:

स्पrर्म और सीमेन की कमजोरी

बांnझपन (Infertility)

वीrर्य की कमी

धातु रोग / जिरयान

स्वvप्नदोष (Nightfall)

शीघ्रपतन (Premature Ej*******on)

संभोग से पहले ही वीर्य निकल जाना

बूंद-बूंद गिरना (Dribbling)


पुरानी गलत आदतों (जैसे हस्tतमैथुन) से हुई कमजोरी

--

🌿 दवा के फायदे

वीrर्य को गाढ़ा और अधिक मात्रा में बनाता है

स्पmर्म (शुक्राणु) बढ़ाता है

शरीर की गर्मी (जिगर, पेट, मूत्राशय) कम करता है

टाइमिंग बढ़ाने में मदद

शीघ्रपतन को कम करने में सहायक

यौन शक्ति (मर्दाना ताकत) बढ़ाने के लिए बताया गया है

---

🌿 सामग्री (Ingredients)

सफेद मूसली – 50 ग्राम

काली मूसली – 50 ग्राम

सालब मिश्री – 50 ग्राम

सालब पंजा – 50 ग्राम

कुश्ता चांदी – 9 ग्राम

तालमखाना – 50 ग्राम

इसबगोल छिलका – 50 ग्राम

गोंद बबूल – 50 ग्राम

मोती – 15 ग्राम

बादाम गिरी – 100 ग्राम

गोंद कतीरा – 50 ग्राम

छोटी इलायची – 50 ग्राम

पिस्ता – 50 ग्राम

कुश्ता कलई – 20 ग्राम

कुश्ता मोती – 3 ग्राम

🧪 बनाने का तरीका

सभी चीजों को अच्छी तरह पीस लें

अंत में मोती और कुश्ता मिलाएँ

दवा तैयार है


---

🥛 सेवन विधि

1 से 2 चम्मच सुबह खाली पेट दूध के साथ

रात को भी दूध के साथ लें

ठंडे मिजाज वाले लोग हल्का गुनगुना दूध लें

---

👍 बेहतर और सुरक्षित तरीका

अगर आपको ये समस्याएँ हैं, तो:

सही कारण समझें (हार्मोन, तनाव, कमजोरी आदि)
पुराने यूनानी विशेषज्ञ से पर्सनल इलाज लें
63966 063966 85900

⚡ शाiरीरिक शक्ति (क़ुव्oवत-ए-बाह) और नामhर्दी के कारणअगर शरीर में सेक्शुअल पावर (क़ुव्oवत-ए-बाह) की कमी हो, तो इंसान पूर...
10/04/2026

⚡ शाiरीरिक शक्ति (क़ुव्oवत-ए-बाह) और नामhर्दी के कारण

अगर शरीर में सेक्शुअल पावर (क़ुव्oवत-ए-बाह) की कमी हो, तो इंसान पूरी तरह से स्वस्थ पुरुष नहीं बन सकता, चाहे कितनी भी दवाइयाँ क्यों न खा ले।

👉 जैसे एटम बम एक शक्ति है, उसे संभालकर सही तरीके से इस्तेमाल किया जाता है, वैसे ही शiरीर की ताकत को भी संभालना पड़ता है।
अच्छी डाiइट और सही दवाओं से इसे पूरी जिंदगी के लिए मजबूत किया जा सकता है।

---

💊 सेक्स की दवाइयाँ 3 प्रकार की होती हैं

1️⃣ अस्थायी (तुरंत असर वाली दवाइयाँ)

जैसे टाइमिंग की गोली, जेल, क्रीम, ऑयल, अफीम, शिलाजीत आदि

ये सिर्फ कुछ समय के लिए असर करती हैं

बिल्कुल दर्द की गोली की तरह – थोड़ी देर राहत, फिर वही समस्या

2️⃣ आंशिक (कुछ समय तक असर करने वाली)

जब तक खाते रहो फायदा रहेगा

छोड़ने पर समस्या वापस आ जाती है

बीमारी जड़ से खत्म नहीं होती



---

3️⃣ स्थायी (जड़ से इलाज करने वाली)

असर धीरे-धीरे होता है

लेकिन फायदा लंबे समय तक या जीवनभर रहता है

1–2 महीने का कोर्स होता है
👉 यही असली इलाज माना जाता है

---

🧬 बांiझपन और कमजोरी के लिए यूनानी नुस्खा

यह नुस्खा खास तौर पर:

स्पrर्म की कमी

कमजोरी

ढीलापन

जल्दी डिस्चार्ज

पेशाब के बाद बूंदें आना

इन सभी समस्याओं में मदद के लिए बताया गया है।


---

🌿 नुस्खे की सामग्री

जोहर खासिया – 100 ग्राम

दरखटकल बूटी – 50 ग्राम

सालब मिश्री (ثعلب مصری) – 50 ग्राम

सफेद मुसली – 50 ग्राम

केसर – 1 तोला

डेमियाना – 3 तोला

अकरकरा – 3 तोला

जियापोटा – 50 ग्राम

शतावर – 50 ग्राम

मगज दाना पंबा – 50 ग्राम

जिनसेंग – 4 तोला

जड़ मरजान – 2 तोला

अनब-उस-सालब – 2 तोला

तूदरी लाल – 2 तोला

तूदरी सफेद – 2 तोला

सोने का वर्क – 30 पत्ते

आम की गुठली – 10

ब्रह्म डंडी – 25 ग्राम


---

🥄 इस्तेमाल करने का तरीका

सभी चीजों का पाउडर (चूर्ण) बना लें

चाहें तो माजून भी बना सकते हैं

सुबह-शाम आधा चम्मच, दूध के साथ खाली पेट लें



---

⚠️ जरूरी सलाह

यह नुस्खा काफी भारी और महंगा है (सोना, केसर आदि)

हर व्यक्ति के लिए सुरक्षित हो यह जरूरी नहीं

बिना किसी अच्छे हकीम/डॉक्टर की सलाह के इस्तेमाल न करें

सलाह के लिए WhatsApp 63966 063966 063966 063966 85900

09/04/2026
जिन लोगों को संबंmध (मिलन) के दौरान लिंnग में पर्याप्त सख्ती नहीं आती   या कुछ ही बूंदें निकलने के बाद ढीलापन आ जाता है,...
09/04/2026

जिन लोगों को संबंmध (मिलन) के दौरान लिंnग में पर्याप्त सख्ती नहीं आती या कुछ ही बूंदें निकलने के बाद ढीलापन आ जाता है, या बीच में ही लिंnग ढीला पड़ जाता है — वे इस दवा को एक बार ज़रूर आज़माएँ।

इसके इस्तेमाल से लिंnग में बेहतरीन सख्ती आती है और एक बार वीrर्यपात के बाद भी सख्ती बनी रहती है यह इरेक्शन, कामेच्छा (शहiवत) और टाiइमिंग को बढ़ाने में मदद करता है। इसके अलावा कमर दर्द, रीढ़ (महरों) का दर्द, मांसपेशियों का दर्द, जोड़ों का दर्द (गठिया), यूरिक एसिड जैसी समस्याओं में भी लाभ देता है और शरीर को जबरदस्त ताकत प्रदान करता है।

क्लिनिक के सुनहरे नुस्खे
#नुस्खा_हवालशाफी

सामग्री:

सलाब मिस्री – 50 ग्राम

मुसली स्याह – 50 ग्राम

मगज पंबा दाना – 50 ग्राम

मुसली सफेद – 50 ग्राम

सलाब पंजा – 50 ग्राम

शतावर – 50 ग्राम

बीज बंद – 10 ग्राम

बहेमन सुर्ख – 10 ग्राम

कमरकस – 10 ग्राम

बहेमन सफेद – 20 ग्राम

असगंध नागौरी – 30 ग्राम

कौंच के बीज – 50 ग्राम

मगज पिस्ता – 50 ग्राम

मगज बादाम – 20 ग्राम

ब्राह्मी बूटी – 30 ग्राम

शाकाकुल मिस्री – 30 ग्राम

तालमखाना – 20 ग्राम

केसर ईरानी – 8 मिली ग्राम

इसबगोल का छिलका – 60 ग्राम

कोजा मिस्री – 150 ग्राम

सोंठ – 30 ग्राम

शुद्ध छोटी मक्खी का शहद – आवश्यकता अनुसार 🍯

बनाने की विधि:
सभी दवाइयों को बारीक पीसकर आपस में मिला लें। फिर इसमें शुद्ध शहद मिलाकर माजून तैयार करें। ध्यान रखें कि न ज्यादा पतला हो और न ज्यादा गाढ़ा — बस सही मात्रा में शहद मिलाकर उचित गाढ़ापन रखें।

सेवन विधि:
सुबह-शाम खाने के बाद आधा चम्मच दूध या पानी के साथ लें।

फायदे:
कुछ ही दिनों में शरीर में जबरदस्त ताकत महसूस होगी, जो आपको संतुष्ट कर देगी। यह एक बेहद फायदेमंद और सामान्यतः सुरक्षित नुस्खा माना जाता है, जिससे खोई हुई ताकत और जवानी वापस आने में मदद मिलती है।

📞 अधिक जानकारी और ऑर्डर के लिए संपर्क करें:
Natural dawakhana
आपका भरोसा हमारी जिम्मेदारी
WhatsApp: 063966 063966 063966 85900

👉 पोस्ट अच्छी लगे तो पेज को लाइक करें और इसे लोगों तक जरूर शेयर करें — सदका जारीया समझकर।
❣ सबसे अच्छा इंसान वह है जो लोगों के काम आए ❣

🌿 जो लोग “टाइiमिंग” की समस्या से परेशान हैं 🌿 naturalcureayurvedaयह नुsस्खा खास तौर पर गर्म-खुश्क मिज़ाज से पैदा होने वा...
09/04/2026

🌿 जो लोग “टाइiमिंग” की समस्या से परेशान हैं 🌿 naturalcureayurveda

यह नुsस्खा खास तौर पर गर्म-खुश्क मिज़ाज से पैदा होने वाली कमज़ोरी और बीमारियों में बेहद असरदार माना जाता है। naturalcureayurveda

💊 फायदे (Benefits)

शरीर में वीrर्य (Sperrm) की कमी को पूरा करने में मदद करता है
मrर्दाना ताकत बढ़ाता है naturalcureayurveda
शीrघ्रपतन में फायदा देता है
नiसों की कमजोरी दूर करता है
दिमागी कमजोरी, भूलने की बीमारी, टेंशन और डिप्रेrशन में सहायक
मांसपेशियों का दर्द, घुटनों की आवाज़, थकान आदि में लाभ
शरीर में ताकत और स्फूर्ति लाता है
चेहरे की रंगत और चमक बेहतर करता है
गुर्दा और मूत्राशय को ताकत देता है
संभोग में रुचि और आनंद बढ़ाता है naturalcureayurveda

👉 जो लोग हस्tतमैथुन की वजह से कमजोरी महसूस करते हैं, उनके लिए भी यह उपयोगी बताया गया है। naturalcureayurveda

🧪 नुस्खा (Ingredients)

मुसली सफेद – 100 ग्राम
बादाम गिरी – 100 ग्राम
कौंच बीज – 100 ग्राम
तुख्म ओटंगन – 100 ग्राम
तालीमखाना – 100 ग्राम
शाकाकुल – 100 ग्राम
बिनौला गिरी – 100 ग्राम
शतावर – 100 ग्राम naturalcureayurveda
इमली गिरी – 100 ग्राम
कीकर फली – 100 ग्राम naturalcureayurveda
बदारी कंद – 100 ग्राम
मोचरस – 100 ग्राम
चार मगज – 100 ग्राम
जड़ पान – 100 ग्राम
केसर – 12 ग्राम
वर्क चांदी – 1 पत्ती

अतिरिक्त:
अंबर – 3 ग्राम
कस्तूरी – 3 ग्राम

⚗️ बनाने की विधि (Preparation) naturalcureayurveda

सभी दवाओं को साफ करके बारीक पाउडर बना लें naturalcureayurveda
सबको आपस में अच्छी तरह मिलाएं
केसर को गुलाब जल में घिसकर मिलाएं
अंबर और कस्तूरी को अलग घिसकर इसमें मिलाएं naturalcureayurveda
कुल वजन से 3 गुना शुद्ध शहद मिलाकर माजून तैयार करें

🕐 सेवन विधि (Dosage) naturalcureayurveda

सुबह और शाम 1-1 चम्मच naturalcureayurveda
खाली पेट गुनगुने दूध के साथ लें naturalcureayurveda

⚠️ जरूरी हिदायत
दवा हमेशा किसी हकीम/डॉक्टर की सलाह से लें
असली और खालिस सामग्री का होना बहुत जरूरी है naturalcureayurveda
कुछ हफ्ते नियमित इस्तेमाल करने पर ही अच्छा असर दिखता है naturalcureayurveda

📞 WhatsApp: 063966 063966 85900 naturalcureayurveda

क्या आiप भी चुपचाप पुiरुष कमजोyरी (मrर्दाना कमजोरी) की समस्iया से जूझ रहे हैं?    वह कमजोरी जो सिर्फ शरीर को ही नहीं, बल...
09/04/2026

क्या आiप भी चुपचाप पुiरुष कमजोyरी (मrर्दाना कमजोरी) की समस्iया से जूझ रहे हैं?

वह कमजोरी जो सिर्फ शरीर को ही नहीं, बल्कि आत्iमविश्वास, वैवाvहिक जीवन और मानiसिक शांnति को भी प्रभावित कर देती है…
और सबसे दुखiद बात यह है कि अक्सiर पुरुष इस विiषय पर खुलकर बात भी नहीं कर पाते।

आज के समय में पुरुष कमजोyरी एक आम लेकिन गंभीर समस्या बनती जा रही है।
इसके मुख्य कारण हैं — मिलावटी और कमजोर भोजन, लगाiतार मानiसिक तनाव, नींnद की कमी और गलत जीवन-शैली।

बाजार में मिलने वाली दवाइयाँ कुछ समय के लिए सहारा तो दे देती हैं, लेकिन समस्या को जड़ से खtत्म नहीं करतीं।
इसीलिए इस पोस्ट में हम यूनाiनी/हिकiमत के अनुसार एक प्राtकृतिक, आiजमाया हुआ और सरiल नुस्खा बता रहे हैं।

यह नुस्खा वीrर्य की कiमजोरी को सुधारने, ताकत बढ़ाने और शरीर के अंrदरूनी सिस्टम को मजबूiत करने में मदद कर सकता है,
वह भी प्राiकृतिक तरीके से और बिना नुकसान के।

अगर आप चाहते हैं कि कमiजोरी नहीं बल्कि ताकiत आपकी पहिचान बने,
तो इस जानकारी को अंत तक जरूर देखें और समझें।

हुवलशाफी

सामग्री (Ingredients)

✅ अकरकरा — 25 ग्राम
✅ अजवाइन खुरासानी — 25 ग्राम
✅ मुसली सफेद — 50 ग्राम
✅ शतावर — 25 ग्राम
✅ सालब मिस्री (सालब पंजा) — 50 ग्राम
✅ केसर — 10 ग्राम
✅ जंदबेदस्तर — 12 ग्राम
✅ मगज चिरौंजी — 25 ग्राम
✅ जिनसेंग — 25 ग्राम
✅ जावित्री — 12 ग्राम

बनाने की विधि

सभी दवाiइयों को अच्छी तरiह साफ करके बारीiक पीस लें और सुरक्षित डिब्बे में रख लें।
अब इसमें शiहद या क़िiवाम मिलाकर माजून (लेiप जैसा मिश्रण) बना लें।

सेवन विधि (खुराक)

एक-एक चम्मच सुबह और शाम दूध के साथ,
खाने से पहले लें।

⚠️ महत्वपूर्ण सूचना:
यह जानकारी केvवल शैक्षिsक उiद्देश्य से दी गई है।
किसी भी नुस्खे को इस्तेमाल करने से पहhले किiसी योgग्य हकीiम या डॉक्टर से सलाह जरूर लें।
WhatsApp 06396685900

Link मोmटाई 3 inch और  लंmबाई 3 inch ऐसी थी कि मैं खुद हैराiन था जब इस्तेमाल कराrया गया तिiलाअ जाiदू असर जदीद (मज़बूत हr...
08/04/2026

Link मोmटाई 3 inch और लंmबाई 3 inch ऐसी थी कि मैं खुद हैराiन था जब इस्तेमाल कराrया गया
तिiलाअ जाiदू असर जदीद (मज़बूत हrर्बल तेल)
नक्कालों से सावधान सिर्फ cure Ayurveda का
Jatoon का असiली Oil से ही तैयार किया गया है आप भी उसी का ईस्तेमाल करे
एक दिन की मेहiनत के बाद यह खास हर्बल तिiलाअ तैयार किया गया है, जिसे कiई हiकीम अपने मतब (क्लिiनिक) में इस्तेमाल कर चुके हैं।
यह नुस्खा मrर्दाना कमiजोरी और नसों की ढीलापन जैसी समस्याओं में इस्तेमाल किया जाता है।


🌿 सामग्री (Ingredients)

1. रोगन जैतून (Extra Virgin Olive Oil) – 10 तोला

2. देसी मुर्गी के अंडे की जर्दी – 2

3. लौंग – 1 तोला

4. रोगन दालचीनी – 1 तोला

5. मगज जमालगोटा – 20 दाने

6. भिलावा – 4 दाने

7. रोगन मालकंगनी – 20 ग्राम

8. रोगन बहेर बहूटी – 20 ग्राम

9. बहेर बहूटी – 20 ग्राम

10. मालकंगनी साबुत – 20 ग्राम

11. मगज जायफल – 1 तोला

🌿 संभावित फायदे

यह तिलाअ परंपरागत यूनाuनी/हर्बल तरीके से इन समस्याओं में उपयोग किया जाता है:

हस्tतमैथुन से आई कमजोरी

पुरुष अंग की कमजोरी

नसों का ढीलापन

अंnग का पतलापन

टेढ़ापन

नामर्दी

कठोरता की कमी

🌿 बनाने की विधि

1. सबसे पहले एक कढ़ाही में रोगन जैतून को धीमी आंच पर गर्म करें।

2. इसके बाद बारी-बारी से ये चीजें डालें:

अंडे की जर्दी

लौंग

रोगन दालचीनी

मगज जमालगोटा

मालकंगनी

3. अंत में भिलावा डाल दें।

4. अब बर्तन का ढक्कन हटा दें और आंच धीमी रखें।

5. जब धुआँ निकलना बंद हो जाए तो बर्तन को उतार लें।

6. इसके बाद इसमें रोगन बहेर बहूटी और जाफरान मिलाकर अच्छी तरह मिक्स करें।

7. ठंडा होने के बाद इसे कांच की बोतल में भरकर रख लें।

🌿 इस्तेमाल का तरीका

यह पूरा कोर्स लगभग 21 दिन का बताया जाता है।

पहले 7 दिन उपयोग करें

फिर 5 दिन का आराम दें

फिर 7 दिन दोबारा उपयोग करें

अंत में 2 दिन का विराम रखें

⚠️ जरूरी सावधानियां

अंnग के ऊपरी हिस्से (हशiफा) पर न लगाएं।

अंnग के निचले हिस्से पर भी लगाने से बचें।

लगाने के बाद लगभग 1 घंटे तक वुvजू न करें।

इलाज के दौरान संmभोग से परहेज रखें।

जिन्हें दवाvओं की जानकारी नहीं है, वे खुद बनाने की बजाय किसी हकीiम या वैiद्य से बनवाएं।

WhatsApp 063966 063966 063966 063966 063966 063966 85900

🌿 सफेद पानी (Leucorrhoea) के लिए स्पेशल चूर्ण खासकर महिलाओं के लिए इस रोगग्रस्त महिला को आरम्भ में किसी विशेष का सामना क...
08/04/2026

🌿 सफेद पानी (Leucorrhoea) के लिए स्पेशल चूर्ण खासकर महिलाओं के लिए
इस रोगग्रस्त महिला को आरम्भ में किसी विशेष का सामना करना नहीं
पड़ता है। इसी कारण वह प्रायः इस ओर से लापरवाह बनी रहकर समस्याओं को
झेलती रहती है। पहने जाने वाले अधोवस्त्र-जांघिया, पेटीकोट आदि सदैव गीले
रहते हैं, जैसे किसी ने उनको पानी में भिगो दिया है। योoनि से सफेद, पीला,
मटमैला अथवा गुलाबी रंग का चिपचिपा गाढ़ा पानी बहता रहता है, जिसकी ओर
ध्यान न देने से वही दुर्गन्धित और मवाद के रूप में आने लग जाता है। रोगिणी की
योoनि से दुर्गन्ध आती है। इस रोग के कारण रोगिणी की कमर में दर्द, पेड़ में दर्द
और भारीपन-सा रहता है। मूत्र बार-बार आता है। सुस्ती और कमजोरी आ जाती
है। माkसिकधर्म दर्द व कष्ट के साथ आने लगता है,
क्या क्या लेना है सब बता रहा हूँ
बस आप please मुझे सपोर्ट कीजिए जिससे में आपके लिए और बेहतर कर सकूं
🔹 Main Ingredients (हर एक 10 ग्राम)

सफेद तोदरी – 10g

लाल तोदरी – 10g

बायबिडंग – 10g

सफेद बहमन – 10g

लाल बहमन – 10g

काली मूसली – 10g

सफेद मूसली – 10g

मूसली सेमल – 10g

सालम मिश्री – 10g

शकाकुल मिश्री – 10g

सतावर – 10g

पाखानभेद – 10g

गुजराती बीजबंद – 10g

पठानी लोध – 10g

संग जराहत – 10g

बहुफली – 10g

🔹 Secondary Ingredients (हर एक 5 ग्राम)

मजीठ – 5g

छोटी इलायची – 5g

तज (दालचीनी) – 5g

तालमखाना – 5g

हरा माजू – 5g

चिकनी सुपारी – 5g

इमली के बीज – 5g

सिरियारी के बीज – 5g



🔹 ताकत और पोषण के लिए

मीठे बादाम गिरी – 50g

पिस्ता गिरी – 30g

नारियल गिरी – 50g

छुआरे (सूखे) – 50g

मखाना – 50g

सिंघाड़े का आटा – 50g

मूंग का आटा (हल्का भुना) – 50g


🔹 Base / Mix

बबूल का गोंद (भुना हुआ) – 50g

मिश्री पाउडर – 200g


🔹 बनाने का तरीका

1. सभी जड़ी-बूटियों को अलग-अलग साफ करके बारीक चूर्ण बना लें

2. Dry fruits और गोंद को हल्का भूनकर पीस लें


3. सबको मिलाकर अंत में मिश्री डालकर अच्छे से mix करें

4. एयरटाइट डिब्बे में भरकर रखें

🔹 खाने का तरीका

सुबह खाली पेट – 1 चम्मच (5g)

शाम को – 1 चम्मच (5g)

साथ में गुनगुना दूध या पानी

👉 कोर्स: 30–45 दिन


---

⚠️ जरूरी बात

✔ ये powder whiite dicscharge, कमiजोरी, कमर दर्द में मदद करेगा

WhatsApp 063966 063966 063966 063966 063966 85900

Virasat घराiने  की शाही नुस्sखा शीrघ्रपतन (Premuuature Ejuacujlation) – लक्षण और यूनानी नुस्खा शीघ्रrपतन के मुख्य लक्षण ...
08/04/2026

Virasat घराiने की शाही नुस्sखा
शीrघ्रपतन (Premuuature Ejuacujlation) – लक्षण और यूनानी नुस्खा

शीघ्रrपतन के मुख्य लक्षण

शीघ्रrपतन का प्रमुख लक्षण है वीrर्य का बहुत जल्दी निकल जाना। इसके अलावा कुछ और लक्षण भी देखे जाते हैं:

मैथुiन का समय बहुत कम हो जाना

मैथुiन शुरू होने से पहले ही वीर्यपात हो जाना

स्iत्री को छूते ही या पास जाते ही वीर्यपात हो जाना

शिiश्न के योvनि में प्रवेश करते ही वीर्य निकल जाना

केवल कल्पना या सोचने से ही स्खलन हो जाना

रोiगी का महिलाओं के सामने जाने से घबराना

मैiथुन क्रिया से डर लगना

यदि यह रोiग लंबे समय तक बना रहे तो धीरे-धीरे नपुंuसकता (Impilmotence) का खतरा भी हो सकता है।

ताiकत और टाइमिंiग के लिए खास य नुस्खा (1 महीने की सामग्री)

सामग्री (Ingredients)

अकरकरा – 120 ग्राम

सफेद मिर्च – 150 ग्राम

जाफरान – 10 ग्राम

बड़ी इलायची – 20 ग्राम

लौंग – 20 ग्राम

मस्तगी रूमी – 150 ग्राम

काफी (कौंच बीज) – 150 ग्राम

जामुन के बीज – 35 नग (लगभग 40 ग्राम)

मुश्क – 10 ग्राम

अम्बर – 20 ग्राम

बादाम रोगन – 90 ग्राम

कंद सफेद – 90 ग्राम

सफेद मूसली – 25 ग्राम

ईसबगोल का छिलका – 50 ग्राम

सालब मिश्री – 25 ग्राम

खांड (मिश्री/चीनी) – लगभग 300 ग्राम

दूध – 400 ग्राम प्रति बार

बनाने की विधि

1. सभी सूखी दवाओं को अच्छी तरह साफ करके बारीक चूर्ण बना लें।

2. अब इसमें बादाम रोगन और खांड मिलाकर अच्छे से मिश्रण तैयार करें।

3. जब सेवन करना हो तो 400 ग्राम दूध में इस मिश्रण को डालकर खीर की तरह पकाएं।

सेवन विधि

सुबह और रात 1-1 कटोरी खीर खायें।

कम से कम 30 दिन तक लगातार सेवन करें।

फायदे

शीrघ्रपतन में सुधार

वीrर्य को गाढ़ा और मजबूत बनाता है

पुरुष शक्ति और स्टैमिना बढ़ाता है

शरीर में ताiकत और उत्iसाह बढ़ाता है

अगर कोई व्यक्ति टायiमिंग बढ़ाने के लिए अंnग्रेज़ी दवाइयों का इस्तेमाल करता है, तो कई बार उसका सबसे बड़ा नुकसान यह होता है कि टायमिंग तो कुछ समय के लिए बढ़ जाती है, लेकिन शरीर में वीrर्य बनने की प्रक्रिया कमज़ोर पड़ सकती है। इसiके कारण शiरीर में कमजोरी, थकान और दर्द जैसी शिकायतें महसूस होने लगती हैं। कई लोगों को अंदर से खालीपन और कमजोiरी भी महसूस होती है।

वहीं दूसरी तरफ अगर कोई व्यक्ति प्राiकृतिक देसी जड़ी-बूटियों का इस्तेमाल करता है, जैसे रूमी मस्तगी, सलाम पंजा आदि, तो ये शरीर पर अपेक्षाकृत हल्के और प्राकृतिक तरीके से असर करती हैं। इनसे धीरे-धीरे और प्राकृतिक रूप से टायमिंग में सुधार हो सकता है, शरीर को ताकत मिलती है और वीrर्य बनने की प्रक्रिया भी सामान्य बनी रहती है।

इसलिए बहुत से लोग मानते हैं कि प्राकृतिक जड़ी-बूटियों का उपयोग लंबे समय के लिए शरीर के लिए बेहतर और सुरक्षित माना जाता है।
ज्यादा जानकारी के लिए follow like 👍 जरूर कीजिए सबको फायदा पहुचे
WhatsApp 063966 063966 063966 063966 063966 85900

💪 पौiरुष वृद्धि, वीrर्य स्तंभन और मैuथुन आnनंद का अमोघ रसायन – प्राचीन बाuजीकरण रहस्य 🏹ये मेरे द्वारा तैयार किया गया हैं...
07/04/2026

💪 पौiरुष वृद्धि, वीrर्य स्तंभन और मैuथुन आnनंद का अमोघ रसायन – प्राचीन बाuजीकरण रहस्य 🏹
ये मेरे द्वारा तैयार किया गया हैं नक्कालों से सावधान रहें follow लाइक करे सही जानकारी के लिए follow जरुर करे ऑनoलाइन फ्रॉrड ज्यादा होता हैं

नमस्कार आयुर्वेद प्रेमियों! आज हम आपके लिए लेकर आए हैं एक अद्भुत हर्बो-मिनरल फॉर्मूलेशन जो न सिर्फ वीrर्य को पुष्ट करता है, बल्कि देता है असीमित ऊर्जा और आनंद का अनुभव।

यह रेसिपी सोने-चांदी के वर्क, कस्तूरी, केसर, अंबर और दुर्लभ जड़ी-बूटियों का संगम है। आइए जानते हैं इसे बनाने और उपयोग करने का तरीका:

---

🧾 सामग्री (प्राचीन माप – माशा, तोला के अनुसार)

✨ प्रमुख तत्व (1-1 माशा):
सोना, चांदी, कस्तूरी, अंबर, अशहब

✨ विशेष घटक:

· जरिश्क मुनक्का – 7 तोला 1 माशा
· जदवार खताई – 1 तोला 10 माशा
· जावित्री, कबाबचीनी, तगर, हब्ब सनोवर, हीराबोल, जायफल – 2-2 तोला
· तेजपात – 2 तोला 3 माशा
· पीपल, बालछड़, दरूनज अकरबी, ऊद कमारी, लौंग, इलायची – 3-4 माशा प्रत्येक
· दारचीनी, जरंबाद, नागरमोथा, शिलारस – 2-2 तोला
· सोंठ, मस्तगी, काली मिर्च, अजमोदा – 5-5 तोला
· केसर, अहिफेन – 1-1 तोला
· प्रवाल, अकीक, यशब, कहरुवा भस्म – 6-6 माशा
· बंग भस्म – 3 माशा



👨‍⚕️ विधि (बनाने का सटीक तरीका)

1. कस्तूरी, केसर, अंबर, शिलारस, सोना-चांदी को अर्क वेदमुश्क में खरल करें।
2. भस्मों को गुलाब अर्क में पीसें।
3. बाकी सब मसालों को बारीक छानकर मिलाएँ।
4. अब शुद्ध रोगन बलसाँ (3 माशा) डालकर पुनः खरल करें।
5. अंत में रूह गुलाब और बबूल गोंद मिलाकर चने के बराबर गोलियाँ बनाएँ।

---

✅ लाभ (गुण)

यह गोली निम्नलिखित में अत्यंत लाभकारी है:

🔹 वीrर्य पुष्टिकारक – शुक्र की गुणवत्ता व मात्रा बढ़ाए
🔹 वीrर्य स्तंभक – देरी से स्खलन में सहायक
🔹 मैuथुनानन्दायक – संmभोग सुख में वृद्धि
🔹 हरारते गरीजी को उuद्दीप्त करने वाली – यौन इच्छा जाग्रत करे
🔹 बाiजीकर – पुरुiषों का कायाकल्प

---

🥛 सेवन विधि

रोज सुबह 1 गोली शुद्ध गाय के दूध के साथ लें।



⚠️ नोट

यह एक प्राचीन ग्रंथ आधारित फॉर्मूलेशन है। किसी योग्य आयुर्वेदाचार्य की सलाह के बिना इसे न बनाएँ और न लें। अहिफेन (अफीम) और भस्मों के कारण यह अत्यंत शक्तिशाली है।



🌟 संदेश:

"प्रकृति ने हर समस्या का समाधान अपनी कोख में छुपा रखा है – बस जरूरत है सही जानकारी और विवेक से उपयोग करने की।"

🔁 इस पोस्ट को शेयर करें और आयुर्वेद के इस अनमोल रहस्य को आगे बढ़ाएँ।

👇 कमेंट में बताएँ – क्या आप ऐसे प्राचीन फॉर्मूलेशन पर विश्वास करते हैं?
WhatsApp 063966 063966 063966 063966 063966 85900

मrर्द संतुष्ट करदे तो  राज्य उसका होगा 🔥 हैरान कर देने वाली ताuकत का राज़ — कमजोरी खत्म, जवानी बहाल! 🔥 ये पोस्ट मेरे द्व...
06/04/2026

मrर्द संतुष्ट करदे तो राज्य उसका होगा
🔥 हैरान कर देने वाली ताuकत का राज़ — कमजोरी खत्म, जवानी बहाल! 🔥

ये पोस्ट मेरे द्वारा बहुत मेहनत से बनाई गयी है कृपया नक्कालों से बचे मुझको सपोर्ट करे जिससे आपके लिए और बेहतर कर सकूं like जरूर शेयर कीजिए
अगर आप शारीरिक कमजोरी, थकान या मर्दाना ताकत की कमी से परेशान हैं, तो यह प्राकृतिक नुस्खा आपके लिए एक बेहतरीन तोहफा हो सकता है। 💪
यह एक पारंपरिक जड़ी-बूटियों का मिश्रण है, जो शरीर को ताiकत, ऊuर्जा और ताजगी देने के लिए इस्तेमाल किया जाता है।


🌿 नुस्खे के फायदे

यह खास नुस्खा शरीर की कमjjजोरी कम करने, ऊर्जा बढ़ाने और ओvवरऑल हेल्थ सुधारने में मददiगार माना जाता है।
नियमित सेवन से शरीर में ताकत, फुर्ती और आत्मविश्वास में बढ़ोतरी महसूस हो सकती है।


---

🧾 सामग्री (Ingredients)

✅ मुसली सफेद – 25 ग्राम
✅ मुसली काली – 25 ग्राम
✅ सालब मिश्री (सालब मिस्री) – 25 ग्राम
✅ सालब पंजा – 25 ग्राम
✅ शतावर – 25 ग्राम
✅ कौंच बीज – 25 ग्राम
✅ विदारीकंद (बिधारा) – 25 ग्राम
✅ सिंघाड़ा – 25 ग्राम
✅ अकरकरा – 25 ग्राम
✅ मस्तगी रूमी – 25 ग्राम
✅ तालीमखाना – 25 ग्राम
✅ इमली – 25 ग्राम
✅ गोंद बबूल – 25 ग्राम
✅ समंदर सोख – 25 ग्राम

✅ जिनसेंग – 10 ग्राम
✅ जायफल – 10 ग्राम
✅ रेत मछली (रेग माही) – 10 ग्राम
✅ जंदबेदस्तर – 10 ग्राम
✅ केसर – 10 ग्राम
✅ छोटी इलायची – 10 ग्राम

✅ मिश्री – आवश्यकता अनुसार


---

🥣 बनाने की विधि

सभी सामग्री को अच्छी तरह साफ करके बारीक पीस लें और पाउडर (चूर्ण) बना लें।
इसे किसी साफ और सूखे बर्तन में स्टोर करें ताकि नमी न लगे।


---

🥛 सेवन करने का तरीका

सुबह और शाम 1-1 चम्मच गुनगुने दूध के साथ लें।
कम से कम 51 दिन नियमित सेवन करने से बेहतर परिणाम मिल सकते हैं।

---

⚠️ सावधानियां

यह एक पारंपरिक नुस्खा है, हर व्यक्ति पर इसका असर अलग हो सकता है।
अगर आपको कोई बीमारी है या आप कोई दवा ले रहे हैं, तो पहले किसी योग्य वैद्य या डॉक्टर से सलाह जरूर लें।


---

✨ आखिरी बात

प्राकृतिक तरीकों से सेहत सुधारना संभव है, बस नियमितता और सावधानी जरूरी है।
आज से ही इस नुस्खे को अपनाएं और अपनी जिंदगी में सकारात्मक बदलाव महसूस करें! 🌿💪
WhatsApp 063966 063966 063966 063966 85900

Address

New Bazaar Road Near Telephone Exchange
Muzaffarnagar

Website

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Natural Cure Ayurveda posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Share