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“उसे विश्वास था कि वह कर सकती है, इसलिए उसने कर दिखाया। चमकते रहो, सुपरस्टार!”आपका साहस हीरे के समान अनमोल है।"उन महिलाओ...
08/03/2026

“उसे विश्वास था कि वह कर सकती है, इसलिए उसने कर दिखाया। चमकते रहो, सुपरस्टार!”

आपका साहस हीरे के समान अनमोल है।

"उन महिलाओं को सलाम जो अपनी सकारात्मकता से दुनिया को रोशन करती हैं।"

"आपकी शक्ति सबसे चमकीले रत्न को भी मात दे दे।"

“तुम एक अनमोल रत्न हो – कभी भी अपनी चमक फीकी न पड़ने दो।"


व्योषादि गुग्गुलु (Vyoshadi Guggulu) एक प्रसिद्ध आयुर्वेदिक औषधि है, जो मुख्य रूप से मोटापे (Weight Loss), जोड़ों के दर्...
04/03/2026

व्योषादि गुग्गुलु (Vyoshadi Guggulu) एक प्रसिद्ध आयुर्वेदिक औषधि है, जो मुख्य रूप से मोटापे (Weight Loss), जोड़ों के दर्द (Joint Pain), सूजन और कोलेस्ट्रॉल कम करने के लिए उपयोग की जाती है। यह वात और कफ दोष को संतुलित करती है, पाचन अग्नि को बढ़ाती है, और मेटाबॉलिज्म में सुधार कर शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करती है।

💢व्योषादि गुग्गुलु के मुख्य उपयोग और फायदे 💢
मोटापा और वजन प्रबंधन (Weight Management): यह शरीर में जमा अतिरिक्त फैट (चर्बी) को कम करने में सहायक है।
जोड़ों का दर्द और सूजन (Arthritis & Joint Pain): गठिया, वात रोग, मोच, और मांसपेशियों में जकड़न (Stiffness) से राहत दिलाती है।

👉उच्च कोलेस्ट्रॉल (High Cholesterol): यह बढ़े हुए कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने और हृदय स्वास्थ्य को बढ़ावा देने में मदद कर सकती है।

👉पाचन में सुधार (Improved Digestion): कमजोर पाचन अग्नि को प्रज्वलित करती है, जिससे गैस और सूजन से राहत मिलती है।

👉श्वसन संबंधी समस्या (Respiratory Health): यह पुरानी सर्दी, जुकाम और कफ की समस्याओं में भी सहायक है।

👉थायरॉइड प्रबंधन (Thyroid Management): कुछ मामलों में यह सबक्लिनिकल हाइपोथायरायडिज्म के उपचार में उपयोगी पाई गई है।

नोट- सेवन से पहले डॉक्टर से परामर्श करना चाहिए।

💢🟠🏵️Red Sandal(लाल चंदन)🏵️🟠💢लाल चंदन (रक्तचंदन) अपनी तीव्र शीतलता और मूत्रवर्धक (diuretic) गुणों के कारण शरीर में जलन, प...
10/02/2026

💢🟠🏵️Red Sandal(लाल चंदन)🏵️🟠💢

लाल चंदन (रक्तचंदन) अपनी तीव्र शीतलता और मूत्रवर्धक (diuretic) गुणों के कारण शरीर में जलन, पित्त विकारों और यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन (UTI) में बेहद लाभकारी है। यह शरीर को ठंडा करता है, सूजन कम करता है और विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालकर पेशाब में जलन व रुकावट जैसे विकारों को दूर करने में सहायता करता है।

💢🏵️लाल चंदन के प्रमुख उपयोग🏵️💢

🔴🔴शरीर की शीतलता के लिए🔴🔴

👉लेप: लाल चंदन के पाउडर को गुलाब जल या पानी में मिलाकर शरीर, सिर या जलन वाले हिस्से पर लगाने से ठंडक मिलती है।

👉काढ़ा/पेय: शरीर की गर्मी कम करने के लिए इसका उपयोग हल्के काढ़े के रूप में किया जा सकता है।

💢🟠🏵️मूत्र विकारों (Mutra Vikas) में उपयोग🏵️🟠💢

👉पेशाब में जलन: चंदन का तेल या पेस्ट (2-3 बूंदें) मिश्री के साथ मिलाकर लेने से पेशाब में होने वाली जलन और सूजन में आराम मिलता है।

👉मूत्रवर्धक प्रभाव: यह मूत्र प्रवाह को बढ़ाकर शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करता है।

💢🟠🏵️अन्य उपयोग🏵️🟠💢

👉त्वचा की देखभाल: दाग-धब्बे, मुहांसे और त्वचा की जलन को कम करने के लिए इसका लेप लगाया जाता है।

👉रक्त शुद्धि: यह खून को साफ करने में सहायक माना जाता है।

🟠🏵️🔴सावधानिया🔴🏵️🟠

इसका उपयोग करने से पहले किसी आयुर्वेदिक चिकित्सक से सलाह अवश्य लें।

तृणपंचमूलादि कषाय (Trinapanchamooladi Kashayam) एक आयुर्वेदिक हर्बल काढ़ा है जिसका मुख्य रूप से मूत्र मार्ग संबंधी विकार...
09/02/2026

तृणपंचमूलादि कषाय (Trinapanchamooladi Kashayam)
एक आयुर्वेदिक हर्बल काढ़ा है जिसका मुख्य रूप से मूत्र मार्ग संबंधी विकारों (urinary tract disorders), पेशाब में जलन, और सूजन के उपचार में उपयोग किया जाता है।

🔴🔴🔴मुख्य उपयोग (Primary Uses)🔴🔴🔴

👉मूत्र मार्ग संक्रमण (Urinary Tract Infections - UTI): यह मूत्र मार्ग के संक्रमण से जुड़े तीव्र पेट दर्द और सूजन में प्रभावी है।

👉पेशाब के दौरान दर्द और जलन: पेशाब करते समय होने वाली कठिनाई, दर्द और जलन से राहत दिलाता है।

👉मूत्र असंयम (Urinary Incontinence): यह मूत्र असंयम (पेशाब को रोक न पाना) की घटनाओं को कम करने में मदद करता है।

👉किडनी और मूत्राशय का स्वास्थ्य: यह मूत्राशय (urinary bladder) को साफ करता है और समग्र किडनी स्वास्थ्य को बढ़ावा देने में भी मदद करता है।

👉सूजन और जल प्रतिधारण (Inflammation and Water Retention): इसमें मूत्रवर्धक (diuretic) और सूजन-रोधी (anti-inflammatory) गुण होते हैं, जो शरीर से अतिरिक्त पानी निकालने और सूजन को कम करने में मदद करते हैं।

👉प्रोस्टेट ग्रंथि का बढ़ना (Enlarged Prostate Gland): कुछ मामलों में, इसका उपयोग प्रोस्टेट ग्रंथि के बढ़ने के उपचार में सहायक औषधि के रूप में किया जाता है।

💢🟠🏵️लाभ (Benefits)🏵️🟠💢

👉डिटॉक्सीफिकेशन (Detoxification): यह शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करता है।

👉शीतल प्रभाव (Cooling Effect): यह अपने शीतल गुणों के लिए जाना जाता है, जो शरीर में पित्त दोष को संतुलित करता है।

👉समग्र स्वास्थ्य में सुधार: एक प्राकृतिक और सुरक्षित आयुर्वेदिक औषधि होने के कारण, यह समग्र स्वास्थ्य और प्रतिरक्षा में भी सुधार कर सकता है।

💢🟠🏵️सामग्री (Ingredients)🏵️🟠💢
यह पांच मूल जड़ी-बूटियों (जिन्हें 'पंच तृणमूल' कहा जाता है) के मिश्रण से तैयार किया जाता है:
कुश (Kusha grass): (Desmostachya bipinnata)
दर्भ (Darbha grass): (Imperata cylindrica)
कस (Kasa grass): (Saccharum spontaneum)
सार (Sara grass): (Saccharum munja)
इक्षु (Ikshu/Sugarcane): (Saccharum officinarum)


वतन की सर-ज़मीं से इश्क़ ओ उल्फ़त हम भी रखते हैंखटकती जो रहे दिल में वो हसरत हम भी रखते हैंज़रूरत हो तो मर मिटने की हिम्...
26/01/2026

वतन की सर-ज़मीं से इश्क़ ओ उल्फ़त हम भी रखते हैं
खटकती जो रहे दिल में वो हसरत हम भी रखते हैं

ज़रूरत हो तो मर मिटने की हिम्मत हम भी रखते हैं
ये जुरअत ये शुजाअत ये बसालत हम भी रखते हैं

🌿🌿ज्योतिष्मती तेल(Jyotismati Oil)🌿🌿ज्योतिषमती (मलकांगनी) तेल मस्तिष्क स्वास्थ्य (स्मृति, एकाग्रता, तनाव से राहत), तंत्रि...
22/01/2026

🌿🌿ज्योतिष्मती तेल(Jyotismati Oil)🌿🌿

ज्योतिषमती (मलकांगनी) तेल मस्तिष्क स्वास्थ्य (स्मृति, एकाग्रता, तनाव से राहत), तंत्रिका संबंधी सहायता (न्यूरोपैथी, दर्द), पाचन (कब्ज), त्वचा/बालों (मॉइस्चराइजिंग, रूसी) और रोग प्रतिरोधक क्षमताके लिए लाभकारी है । यह एक तंत्रिका टॉनिक और सूजनरोधी एजेंट के रूप में कार्य करता है, जिसका उपयोग आयुर्वेद में मुख्य रूप से संज्ञानात्मक क्षमता बढ़ाने और दर्द से राहत दिलाने के लिए बाहरी रूप से किया जाता है, लेकिन आंतरिक उपयोग और खुराक के लिए पेशेवर मार्गदर्शन आवश्यक है।

💢☀️🏵️मस्तिष्क और तंत्रिका तंत्र🏵️☀️💢

संज्ञानात्मक क्षमता में वृद्धि: स्मृति, एकाग्रता और बुद्धि को बढ़ाता है।
तनाव और चिंता: तंत्रिका तंत्र को शांत करता है, चिंता और अवसाद को नियंत्रित करने में मदद करता है।

👉तंत्रिका सुरक्षात्मक: तंत्रिका कोशिकाओं की रक्षा करता है और समग्र तंत्रिका स्वास्थ्य को बढ़ावा देता है।

👉नींद में सहायक: वात दोष को शांत करके बेहतर नींद को बढ़ावा देता है।

💢☀️🏵️शारीरिक स्वास्थ्य और दर्द से राहत🏵️☀️💢

👉सूजनरोधी: जोड़ों और मांसपेशियों के दर्द को कम करता है, साइटिका जैसी स्थितियों में फायदेमंद है।

👉रोग प्रतिरोधक क्षमता: एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर यह फार्मूला रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है।

👉पाचन सहायक: पाचन क्रिया को उत्तेजित करता है, कब्ज और पेट फूलने से राहत देता है।

👉हृदय स्वास्थ्य: कोलेस्ट्रॉल और रक्तचाप को नियंत्रित करने में सहायक हो सकता है।

💢☀️🟠त्वचा और बाल🟠☀️💢

👉त्वचा को पोषण देता है: नमी प्रदान करता है, रूखेपन को दूर करता है और त्वचा की बनावट में सुधार करता है।

हे👉यर टॉनिक: खोपड़ी को पोषण देता है, रूसी से लड़ता है और स्वस्थ बालों के विकास को बढ़ावा देता है।

💢☀️🟠अन्य उपयोग🟠☀️💢

👉श्वसन संबंधी: कफ को शांत करके खांसी और सांस लेने में तकलीफ में मदद करता है।

👉प्रजनन संबंधी: परंपरागत रूप से कुछ प्रजनन संबंधी समस्याओं के लिए और गर्भाशय उत्तेजक के रूप में उपयोग किया जाता है।

☀️💢उपयोग कैसे करें (सामान्य दिशानिर्देश)💢☀️

👉बाहरी उपयोग: पतला किया हुआ तेल सिर की त्वचा, मांसपेशियों या जोड़ों पर मालिश करें; नास्य (नाक चिकित्सा) के लिए, निर्धारित बूंदों का प्रयोग करें।

🌿🌿🌿Nilgiri Tel(Eculyptus Oil)🌿🌿🌿नीलगिरी का तेल (यूकेलिप्टस तेल) अपने सूजनरोधी, एंटीसेप्टिक और कंजेशन दूर करने वाले गुणों...
18/01/2026

🌿🌿🌿Nilgiri Tel(Eculyptus Oil)🌿🌿🌿

नीलगिरी का तेल (यूकेलिप्टस तेल) अपने सूजनरोधी, एंटीसेप्टिक और कंजेशन दूर करने वाले गुणों के कारण श्वसन संबंधी समस्याओं (खांसी, जुकाम, नाक बंद होना), दर्द से राहत (मांसपेशियों और जोड़ों का दर्द), घाव भरने (एंटीसेप्टिक) और मानसिक स्वास्थ्य (तनाव से राहत, ताजगी)के लिए फायदेमंद है। इसे त्वचा पर (पतला करके) या भाप के माध्यम से साँस द्वारा लिया जा सकता है, लेकिन इसका उपयोग सावधानी से करना चाहिए, इसे कभी भी निगलना नहीं चाहिए और इसे किसी वाहक तेल के साथ पतला करके ही उपयोग करना चाहिए ।

💢☀️🏵️श्वसन स्वास्थ्य🏵️☀️💢

👉नाक खोलने वाली दवा: भाप के रूप में लेने पर यह बलगम को साफ करने और नाक/साइनस की जकड़न से राहत दिलाने में मदद करती है।

👉खांसी और जुकाम: खांसी, गले में खराश और जुकाम के लक्षणों से राहत दिलाता है।

👉अस्थमा/ब्रोंकाइटिस: अस्थमा और ब्रोंकाइटिस जैसी स्थितियों में सांस लेने में आसानी करने में मदद कर सकता है।

🔴🟠☀️दर्द और सूजन से राहत☀️🟠🔴

मांसपेशियों और जोड़ों का दर्द: सूजनरोधी और दर्द निवारक गुण गठिया, संधिवात, मोच और सामान्य दर्द से राहत दिलाते हैं।
सिरदर्द: सिरदर्द में राहत दे सकता है।

🟠☀️🏵️त्वचा और घाव की देखभाल🏵️☀️🟠

👉एंटीसेप्टिक: छोटे-मोटे घावों, जलन, अल्सर और खरोंचों को ठीक करता है।

👉कीड़े के काटने पर: काटने के निशान को शांत करता है और कीड़ों को दूर भगाता है।

👉सिर की त्वचा का स्वास्थ्य: शैम्पू में मिलाकर पतला करने पर यह सिर की खुजली को शांत कर सकता है।

💢☀️🏵️मानसिक एवं अन्य उपयोग🏵️☀️💢

👉तनाव से राहत: यह विश्राम को बढ़ावा देता है, मानसिक थकान को कम करता है और चिंता-विरोधी प्रभाव डालता है।

👉मुखीय देखभाल: टूथपेस्ट में मिलाकर या गरारे करने पर (पतला करके) यह सांसों की दुर्गंध और कीटाणुओं से लड़ता है।

👉एयर फ्रेशनर: ताज़ी और स्वच्छ सुगंध के लिए डिफ्यूज़ किया जा सकता है।

💢☀️🏵️उपयोग कैसे करें (सामान्य दिशानिर्देश)🏵️☀️💢

👉भाप से साँस लेना: गर्म पानी में कुछ बूँदें डालें और भाप को अंदर लें।
बाहरी उपयोग: मालिश के लिए इसे किसी वाहक तेल (नारियल, जोजोबा) के साथ मिलाएं।

👉डिफ्यूज़र: अरोमाथेरेपी के लिए इसे डिफ्यूज़र में डालें।

🛑🛑डॉक्टर से परामर्श लें🛑🛑

उपयोग करने से पहले डॉक्टर से बात करें

🌿🌿आंवला (Indian Gooseberry)🌿🌿आंवला (Indian Gooseberry) विटामिन सी से भरपूर होता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्यूनिटी) ब...
17/01/2026

🌿🌿आंवला (Indian Gooseberry)🌿🌿

आंवला (Indian Gooseberry) विटामिन सी से भरपूर होता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्यूनिटी) बढ़ाता है, पाचन सुधारता है (कब्ज, गैस से राहत), बालों और त्वचा को स्वस्थ रखता है (बालों का झड़ना कम, त्वचा में चमक), ब्लड शुगर और कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल करने में मदद करता है, और आँखों की रोशनी के लिए भी फायदेमंद है, साथ ही शरीर के त्रिदोष (वात, पित्त, कफ) को संतुलित करता है, जिससे यह समग्र स्वास्थ्य के लिए एक बेहतरीन प्राकृतिक उपाय है।

🏵️☀️💢आंवला के प्रमुख फायदे 💢☀️🏵️

👉इम्यूनिटी बूस्टर (Immunity Booster): इसमें भरपूर विटामिन C होता है, जो सर्दी-खांसी और संक्रमण से बचाता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है।

👉पाचन तंत्र के लिए (For Digestive System): फाइबर से भरपूर होने के कारण यह कब्ज, गैस, एसिडिटी और अपच से राहत दिलाता है।

👉बालों और त्वचा के लिए (For Hair & Skin): बालों को मजबूत, घना और काला बनाता है, जबकि त्वचा को प्राकृतिक चमक देता है और एजिंग के लक्षणों को कम करता है।

👉मधुमेह और कोलेस्ट्रॉल नियंत्रण (Diabetes & Cholesterol Control): ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रित करने और खराब कोलेस्ट्रॉल (LDL) को कम करने में सहायक है, जिससे हृदय स्वस्थ रहता है।

👉आँखों के लिए (For Eyes): इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट और कैरोटीन आँखों की रोशनी बढ़ाते हैं और मोतियाबिंद के खतरे को कम करते हैं।

👉खून साफ करे (Blood Purifier): यह खून को साफ करने और एनीमिया (खून की कमी) जैसी समस्याओं में भी फायदेमंद है।

👉वजन घटाने में सहायक (Aids in Weight Loss): मोटे होने की प्रवृत्ति वालों के लिए वजन कम करने में मदद कर सकता है।

👉हड्डियों को मजबूत बनाए (Strengthens Bones): विटामिन C कैल्शियम के अवशोषण में मदद करता है और फास्फोरस व आयरन जैसे खनिज प्रदान करता है।

👉प्राकृतिक शीतलक (Natural Coolant): यह शरीर के तापमान को कम करने में मदद करता है, खासकर गर्मियों में।

💢🏵️Netra Prakshalan/Akshi Prakshalan🏵️💢Akshi Prakshalan (also known as Netra Prakshalan) is a traditional Ayurvedic eye-...
16/01/2026

💢🏵️Netra Prakshalan/Akshi Prakshalan🏵️💢

Akshi Prakshalan (also known as Netra Prakshalan) is a traditional Ayurvedic eye-cleansing procedure used to refresh vision and reduce ocular strain. It involves using an eye wash cup filled with medicated water—often containing Triphala or Rose water—to bathe and lubricate the eyes.

♥️♥️Vitamin C + Iron♥️♥️विटामिन सी को आयरन के साथ मिलाने से शरीर द्वारा नॉन-हीम आयरन (पौधों/सप्लीमेंट्स से प्राप्त) का अ...
15/01/2026

♥️♥️Vitamin C + Iron♥️♥️

विटामिन सी को आयरन के साथ मिलाने से शरीर द्वारा नॉन-हीम आयरन (पौधों/सप्लीमेंट्स से प्राप्त) का अवशोषण काफी बढ़ जाता है, क्योंकि यह इसे अधिक उपयोगी रूप में परिवर्तित कर देता है। इससे आयरन की कमी और एनीमिया को रोकने में मदद मिलती है, ऊर्जा बढ़ती है और प्रतिरक्षा प्रणाली/मस्तिष्क स्वास्थ्य को बढ़ावा मिलता है। साथ ही, आयरन सप्लीमेंट्स से होने वाली कुछ पेट की समस्याओं को भी कम करने का लाभमिलता है। यह शक्तिशाली संयोजन पौधों से प्राप्त आयरन के कम अवशोषण को दूर करने में मदद करता है, क्योंकि यह आंत में अधिक घुलनशील और सुलभ हो जाता है। पालक, शिमला मिर्च या संतरे के रस को आयरन युक्त खाद्य पदार्थों या सप्लीमेंट्स के साथ मिलाकर भोजन करना अत्यधिक प्रभावी होता है।

💢☀️🏵️मुख्य लाभ🏵️☀️💢

आयरन का बेहतर अवशोषण: विटामिन सी (एस्कॉर्बिक एसिड) नॉन-हीम आयरन (Fe³⁺) को फेरस आयरन (Fe²⁺) में परिवर्तित करने में मदद करता है, जिसे शरीर द्वारा अधिक आसानी से अवशोषित किया जा सकता है।

👉एनीमिया से लड़ता है: आयरन के बेहतर अवशोषण से हीमोग्लोबिन का स्तर बेहतर होता है और एनीमिया की संभावना कम होती है, जो विशेष रूप से पौधों पर आधारित आहार या सप्लीमेंट के लिए महत्वपूर्ण है।

👉बढ़ी हुई ऊर्जा: ऑक्सीजन के परिवहन के लिए पर्याप्त आयरन आवश्यक है, इसलिए बेहतर अवशोषण का मतलब अधिक ऊर्जा और मस्तिष्क के बेहतर कार्य करने की क्षमता है।

👉पाचन संबंधी समस्याओं को कम करता है: आयरन को विटामिन सी के साथ लेने से आयरन सप्लीमेंट से होने वाले कब्ज या मतली जैसे सामान्य दुष्प्रभाव कम हो सकते हैं।

💢🟠🏵️इन्हें कैसे मिलाएं🏵️🟠💢

👉भोजन में: मसूर की दाल के सूप या पालक के सलाद (आयरन) में शिमला मिर्च, टमाटर या ब्रोकली (विटामिन सी) मिलाएं।

👉पूरक आहार के साथ: एक गिलास संतरे का रस पिएं या अपनी आयरन की गोली के साथ विटामिन सी का सप्लीमेंट लें।

👉सबसे अच्छा समय: अधिकतम लाभ के लिए आयरन को खाली पेट विटामिन सी के साथ लें, और इसके आसपास कॉफी, चाय या डेयरी उत्पादों का सेवन करने से बचें।

🌿🌿🌿दोनों से भरपूर खाद्य पदार्थ🌿🌿🌿

👉खट्टे फल, स्ट्रॉबेरी, कीवी, पौष्टिक अनाज या पालक के साथ।
लाल शिमला मिर्च को केल या पालक जैसी पत्तेदार सब्जियों के साथ खाएं।

👉संतरे को फलियों या दालों के साथ खाएं।

🌿🌿🌿पत्थरचट्टा 🌿🌿🌿पत्थरचट्टा (Patharchatta) के पत्तों का उपयोग मुख्य रूप से गुर्दे की पथरी (Kidney Stones) को घोलने और नि...
15/01/2026

🌿🌿🌿पत्थरचट्टा 🌿🌿🌿

पत्थरचट्टा (Patharchatta) के पत्तों का उपयोग मुख्य रूप से गुर्दे की पथरी (Kidney Stones) को घोलने और निकालने, घाव भरने, सूजन कम करने, पाचन सुधारने, ब्लड प्रेशर और शुगर नियंत्रित करने, और लिवर स्वास्थ्य के लिए किया जाता है, जिसके लिए इसके पत्तों का रस, काढ़ा या लेप बनाकर सेवन/प्रयोग किया जाता है।

🏵️☀️💢मुख्य उपयोग💢☀️🏵️

👉गुर्दे की पथरी (Kidney Stones): यह पथरी को तोड़ने और मूत्र के रास्ते बाहर निकालने में मदद करता है। इसके पत्तों का रस पीना फायदेमंद माना जाता है।

👉घाव और त्वचा संबंधी समस्याएं (Wounds & Skin Issues): पत्तों को मसलकर लेप लगाने से घाव जल्दी भरते हैं, निशान मिटते हैं, और फोड़े, सूजन, लालिमा ठीक होती है।

👉सूजन और दर्द (Inflammation & Pain): इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो जोड़ों के दर्द और गठिया (Arthritis) जैसी सूजन संबंधी समस्याओं में राहत देते हैं।

👉पाचन (Digestion): यह पाचन तंत्र को मजबूत करता है और एसिडिटी, गैस, कब्ज जैसी पेट की समस्याओं में राहत देता है।

👉ब्लड प्रेशर और शुगर (Blood Pressure & Sugar): इसके रस में ऐसे यौगिक होते हैं जो ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर के स्तर को नियंत्रित करने में मदद करते हैं।

👉लिवर स्वास्थ्य (Liver Health): यह लिवर को साफ करने और उसके कार्य को बेहतर बनाने में सहायक है।

👉प्रतिरक्षा प्रणाली (Immunity): इसमें एंटीऑक्सीडेंट होते हैं जो रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) बढ़ाते हैं।

👉श्वसन समस्याएं (Respiratory Issues): खांसी और अस्थमा जैसी सांस की बीमारियों में भी यह उपयोगी हो सकता है।

💢☀️🏵️सेवन/प्रयोग का तरीका🏵️☀️💢

👉रस (Juice): 2-3 पत्ते चबाएं या उनका रस निकालकर पिएं।

👉काढ़ा (Decoction): 5-6 पत्तों को पानी में उबालकर, आधा होने पर शहद मिलाकर गुनगुना पिएं (जैसे योनि संक्रमण के लिए)।

👉लेप (Paste): पत्तों को गर्म करके मसलकर लेप बनाएं और घावों पर लगाएं।

☀️🏵️💢Hriday Basti💢🏵️☀️हृदय बस्ती एक आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति है जिसमें हृदय पर गर्म औषधीय तेल लगाया जाता है। इससे मांस...
14/01/2026

☀️🏵️💢Hriday Basti💢🏵️☀️

हृदय बस्ती एक आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति है जिसमें हृदय पर गर्म औषधीय तेल लगाया जाता है। इससे मांसपेशियों को मजबूती मिलती है, रक्त संचार बेहतर होता है, तनाव/चिंता कम होती है और सीने में जकड़न दूर होती है। यह भावनात्मक संतुलन, बेहतर नींद और हृदय के ऊतकों को पोषण देकर तथा तंत्रिका तंत्र को शांत करके समग्र हृदय स्वास्थ्य को बढ़ावा देती है।यह रक्तचाप को संतुलित करने और हृदय चक्र (अनाहत) को पुनर्जीवित करने में भी सहायक है।

💢💢🏵️हृदय बस्ती के प्रमुख लाभ🏵️💢💢

👉हृदय को मजबूत बनाता है: हृदय की मांसपेशियों को पोषण और मजबूती प्रदान करता है, जिससे पंपिंग और कार्यप्रणाली में सुधार होता है।

👉रक्त संचार में सुधार: हृदय और छाती क्षेत्र में रक्त प्रवाह को बढ़ाता है, जिससे ऑक्सीजन की आपूर्ति में सहायता मिलती है।

👉तनाव और चिंता को कम करता है: तंत्रिका तंत्र को शांत करता है, तनाव, भावनात्मक असंतुलन, शोक से राहत देता है और शांति को बढ़ावा देता है।

👉सीने की तकलीफ से राहत: मांसपेशियों में दर्द, जकड़न, थकान और धड़कन को कम करता है।

👉रक्तचाप को संतुलित करता है: बढ़े हुए दोषों को शांत करके रक्तचाप को नियंत्रित करने में मदद करता है।

👉भावनात्मक स्वास्थ्य को बढ़ाता है: भावनाओं को संतुलित करता है और हृदय चक्र (अनाहत) को सहारा देता है।

👉नींद में सुधार: इसके आरामदेह प्रभावों के कारण यह गहरी और अधिक आरामदायक नींद को बढ़ावा देता है।

👉श्वसन संबंधी सहायता: छाती की मांसपेशियों को आराम देकर श्वसन संबंधी समस्याओं में लाभ पहुंचा सकता है।

👉निवारक देखभाल: यह दीर्घकालिक हृदय स्वास्थ्य के लिए एक निवारक उपाय के रूप में कार्य करती है।

🛑🛑🛑किसे लाभ हो सकता है🛑🛑🛑

☀️जिन व्यक्तियों को हृदय संबंधी समस्याएं हैं या जिनके हृदय की मांसपेशियां कमजोर हैं।

☀️जो लोग तनाव, चिंता या भावनात्मक आघात का अनुभव कर रहे हों

☀️जिन लोगों को मांसपेशियों में तनाव के कारण सीने में दर्द या जकड़न होती है।

☀️हृदय रोग से बचाव और गहन विश्राम की तलाश करने वाला कोई भी व्यक्ति।

Address

1st Floor, Kisan Complex, Ormanjhi
Ranchi
835219

Opening Hours

Monday 9am - 9pm
Tuesday 9am - 5pm
Wednesday 9am - 5pm
Thursday 9am - 5pm
Friday 9am - 5pm
Saturday 9am - 5pm
Sunday 9am - 5pm

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