01/05/2026
सखा जी ओशो आश्रमों में जो लोग "संभोग से समाधि" (सेक्स के लिए पार्टनर ढूँढने) के लिए जाते है उनको आपका क्या संदेश है ?
Sakha:- पहले बात तो मेरा संदेश कोई क्यों मानेगा? ओशो संन्यासी मुझे संन्यासी नहीं मानते, और संसारी मुझे ओशो संन्यासी पुकारते है 😜😜
खैर पूछा है तो बता देता हूँ
कि जो लोग आश्रमों में ध्यान शिविरों में ऐसा करने जाते है उन्हें कुछ नहीं मिलता 95% लोग मूर्ख बनकर और पछता कर वापस आते है,
और जो कुछ लोग किसी स्त्री को किसी प्रलोभन में (जिसकी संभावना कम है) फाँस भी लेते है
उनको मेरा स्पष्ट संदेश है
कि जिसके साथ आप 'संभोग से समाधि' तक पहुंचना चाहते हो,
उसे कम से कम समाधि मिलने तक साथ रखो,
दूसरा जिसके माध्यम से समाधि मिल रही है उसका खर्च उठाओ,
तीसरा सबसे महत्त्व पूर्ण कि जिस प्रकार समाधि छुपाई नहीं जाती अपने उस पार्टनर को भी दुनिया से छुपाओ मत।
अगर आप वास्तव में ऐसा करते है तो निश्चित ही आप 'संभोग से समाधि' के पात्र है 🙏
-Sakha
📖